Ratan Tata Biography in hindi | ratan tata history in hindi

आज के अपने इस पोस्ट में Ratan Tata life story in Hindi  / Ratan Tata History In Hindi के बारे में सम्पूर्ण जानकारी देंगे । रतन टाटा के जीवन परिचय किसी के पहचान की मोहताज़ नहीं है । रतन टाटा जो की टाटा ग्रुप के पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष थे । रतन टाटा साल 1990 से लेकर 2012 तक टाटा ग्रुप के अध्यक्ष थे ।

Ratan Tata History In Hindi
Ratan Tata History In Hindi

RATAN TATA एक महान परोपकारी स्वभाव के व्यक्ति है , जो साधा जीवन जीते भी देश हित के विषय को सबसे पहले रखते है , व्यपार को बाद में । आज के समय में रतन टाटा को बच्चे से लेकर बूढ़े तक सभी कोई जनता है , ये दुनिया के सबसे महान परोपकारी व्यक्तित्व है ।

रतन टाटा, टाटा ग्रुप के सभी प्रमुख कम्पनियों जैसे टाटा स्टील, टाटा मोटर्स, टाटा पावर, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, टाटा टी, टाटा केमिकल्स, इंडियन होटल्स और टाटा टेलीसर्विसेज के भी अध्यक्ष भी रहे है ।

रतन टाटा जो की बहुत ही शांत स्वभाव के वयक्ति है। ये थोड़े थोड़े से शर्मीले स्वाभाव के भी वयक्ति है । रतन टाटा बहुत ही सामान्य जीवन जीने वाले वयक्तियो में से है ,जो इस समाज की चमक धमक से बहुत दूर रहते है । रतन टाटा को परोपकार के कार्य करने के लिए अनेक पुरुष्कार मिले है ।

आज हम आपको उनकी जिंदगी के बारे में कुछ बेहतरीन OR रोचक जानकारी देंगे ।

रतन टाटा जन्म, उम्र ,परिचय एवं संपत्ति Ratan Tata History In Hindi

1नाम / Nameरतन टाटा
2असली नाम / Real Nameरतन नवल टाटा
3जन्म तारीख / Date of Birth  28 दिसंबर 1937
4उम्र / Age83
5जन्म स्थान / Birth Placeसूरत , गुजरात
6शिक्षा / Educationबी.एसडिग्री संरनात्मक इंजीनियरिंग एवं वास्तुकला
7राशि / Zodiac Signतुला
8गृह नगर – Home Townमुंबई – MUMBAI , INDIA
9नागरिकता -Nationalityभारतीय – INDIAN
10धर्म – Religionपारसी
11पेशा – Professionटाटा समूह के रिटायर्ड अध्यक्ष
12वैवाहिक स्थिति – Marital Statusअवैवाहिक
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Ratan Tata Success Story Ratan Tata Story in Hindi

रतन टाटा को वर्ष 1971 में घाटे में चल रही कम्पनी जिसका नाम नेशनल रेडियो एंड इलेक्ट्रॉनिक्स था उसका डायरेक्टर बनाया गया था , उस समय उस कम्पनी का मार्किट शेयर केवल 2% के आस पास था और उस कम्पनी के ऊपर 40 % से आस पास घटा था , लेकिन रतन टाटा के अनेक दूरगामी कदमो से कम्पनी का घटा खत्म हुआ साथ ही उसका मार्किट शेयर भी 20 % तक बढ़ा । लेकिन उस समय के प्रधानमंत्री इंदिरा गाँधी ने आपातकाल की घोसणा कर दी , जिससे उनको मजदूरों के हड़ताल का सामना करना पढ़ा , जिसके कुछ दिन बाद उस कम्पनी को बंद कर दिया गया ।

उसके कुछ दिन के बाद रतन टाटा को टाटा ग्रुप के कम्पनी Empress मिल्स का डायरेक्टर बनाया गया ,यह कम्पनी भी घाटे में चल रही थी , इस कम्पनी की हालत को बेहतर करने के लिए 50 लाख रुपए की जरूरत थी , जो नहीं मिल पाने के कारण इस को भी बंद कर दिया गया था। रतन टाटा के सूझ्भूझ को देखते उनके चाचा जेआरडी टाटा ने टाटा ग्रुप का उत्तरादिकारी बनाया था।

रतन टाटा के कार्यकाल में टाटा मोटर टाटा मोटर्स को न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज में लिस्ट हुआ था , साथ ही इसके वर्ष 1998 में टाटा मोटर्स ने पहली स्वदेशी भारतीय यात्री कार टाटा इंडिका KO बाजार में उतरा था । रतन टाटा के कार्यकाल में ही टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज ने पब्लिक शेयर इशू किया था । रतन टाटा के कार्यकाल में ही टाटा ग्रुप ने  2007 में स्टील बनाने वाली कंपनी एंग्लो-डच को ख़रीदा था , इसके बाद TATA- स्टील दुनिया की सबसे बड़ी 5 वि कम्पनी बन गई । रतन टाटा के कार्यकाल में ही उनका ड्रीम प्रोजेक्ट TATA- नैनो को भी बाजार में उतरा गया था ।

रतन टाटा के कार्यकाल में ही वर्ष 2000 में लंदन में मौजूद टेटली टी कंपनी को ख़रीदा उसके बाद , वर्ष 2004 में इसने दक्षिण कोरिया के देवू मोटर्स के ट्रक बनाने वाली कंपनी को ख़रीदा था , साथ ही जगुआर और लैंडरोवर जैसे बड़े ब्रांड को भी टाटा ग्रुप ने इनके ही कार्यकाल में खरीदा था ।

रतन टाटा के कार्यकाल के समय टाटा ग्रुप ने  बाजार में 40% तक हिस्सेदारी और 50 % तक मुनाफा को पाया था ।

Ratan Tata Career – Ratan tata biography hindi

Ratan Tata History In Hindi-रतन टाटा साल 1955 से 1962 तक अमेरिका में रहे थे । उस समय रतन टाटा अमेरिका के जीवन शैली से काफी ज्यादा प्रभावित हुए थे । वे खुद अमेरिका के लॉस एंजिल्स  में रहना चाहते थे । लेकिन कुछ समय बाद उनके दादी नवाजबाई उनकी तबियत खराब होने के कारण उन्हें भारत वापस आना पड़ा । भारत आने के कारण उन्होंने अमेरिका में बसने का सपना छोड़ दिया।

भारत आने के बाद वे IBM  कंपनी से जुड़े और कार्य करना प्रारम्भ किया। JRD टाटा जो रतन टाटा के चाचा थे वे उनके दूसरे कंपनियों में कार्य करने के कारण खुश नहीं थे । और साल 1962 में टाटा ग्रुप के साथ जुड़ने के लिए कहा इसके साथ रतन टाटा टाटा ग्रुप के साथ जुड़ गए । रतन टाटा अपनी शुरुवाती समय पे टाटा  स्टील के शॉप फ्लोर पे काम किया ।


रतन टाटा की शिक्षा Ratan Tata Education

Ratan Tata History In Hindi- रतन टाटा ने अपनी शुरुवाती शिक्षा क्लास 8th तक मुंबई के कैंपियन  स्कूल से किया , शिमला के बिशप कॉटन स्कूल से इन्होने हाईस्कूल किया साथ ही मुंबई के ही  कैथेड्रल और एंड जॉन कॉनन स्कूल से इंटरमीडिएट किये । इसके बाद साल 1955 में  न्यूयॉर्क शहर के Riverdale Country School से इन्होने ग्रेजुएट की डिग्री किया ।

Ratan Tata Retirement -Ratan Tata History In Hindi

रतन टाटा ने लगभग 21 साल तक टाटा ग्रुप की कमान को संभाली , रतन टाटा के कार्यकाल के समय टाटा ग्रुप ने  बाजार में 40% तक हिस्सेदारी और 50 % तक मुनाफा को पाया था ।

रतन टाटा ने 28 dec- 2012 को टाटा समूह से इस्तीपा दे दिया था , जिसके बाद रतन टाटा ने साइरस मिस्त्री , शापूरजी पल्लोनजी समूह के पल्लोनजी मिस्त्री के 44 वर्षीय बेटे को टाटा ग्रुप की कमान सँभालने के लिए चुना था ।

वर्ष 2016 में साइरस मिस्त्री को किसी कारणवस कंपनी से निकाल दिया गया था उसके बाद 2016 से 2017 तक रतन टाटा ने वापस से कम्पनी की कमान को संभाला था । साल 2017 में नटराजन चंद्रशेखरन को टाटा ग्रुप की जिम्मेदारी सौंपी गई थी ।

Ratan Tata Awards & Achievements – Ratan Tata History In Hindi

2016Commander of the Legion of Honourफ्रांस की सरकार
2015Sayaji Ratna Awardबड़ौदा प्रबंधन संघ, मानद कारण, एचईसी पेरिस
2014Honorary Doctor of Businessसिंगापुर प्रबंधन विश्वविद्यालय
2013Honorary Doctor of Business Practiceकरनेगी मेलों विश्वविद्यालय
2012Grand Cordon of the Order of the Rising Sunजापान सरकार
2010Business Leader of the Yearएशियाई पुरस्कार 
2010Business for Peace Award
2010Oslo Business for Peace awardशांति फाउंडेशन के लिए व्यापार
2008Honorary Citizen Awardसिंगापुर की सरकार
2001Honorary Doctor of Business Administrationओहियो स्टेट यूनिवर्सिटी

Ratan Tata Net Worth -ratan tata story in hindi

टाटा ग्रुप के सभी कंपनियों के मार्किट वैल्यू की बात करें तो टाटा ग्रुप की सभी कंपनियां का मार्किट वैल्यू 17 लाख करोड़ रुपये तक है । ब्‍लूमबर्ग बिलेनियर इंडेक्‍स के मुताबिक उनकी कुल संपत्ति 117 बिलियन डॉलर यानी करीब 8.25 लाख करोड़ है , लेकिन रतन टाटा अपनी संपत्ति का 65 % पैसा लोगो की मानवीय सहायता के लिए दान कर देते है , इसी कारण से रतन टाटा दुनिया के सबसे अमीर वयक्ति नहीं है ।

Interesting Fact About Ratan Tata – ratan tata story in hindi

1- 100 कंपनीयो के साथ टाटा ग्रुप दुनिया की पांचवी सबसे बड़ी कंपनी है । जो की 129 से अधिक देशो में व्यपार करती है , टाटा ग्रुप के पास चाय से लेकर 5 स्टार होटल तक है , टाटा सूई से लेकर स्टील तक, टाटा नैनों कार से लेकर हवाई जहाज तक बनाते है ।

2- टाटा अपने यहाँ कार्य करने वाले कर्मचारियों से बहुत प्यार ज़ुर सम्मान करते है ।

3- टाटा को जानवरो से बहुत प्यार है , उनका मुंबई का एक घर जिसकी कीमत 400 करोड़ से अधिक है , केवल पालतू कुत्ते के देख भाल के लिए है ।

4- रतन टाटा के पास जहाज उड़ाने का लाइसेंस भी है , वो एक कुशल पॉयलट भी है ।

5 – साल 2008 के 26/11 के दिन आतंकवादियो द्वारा मुंबई के ताज होटल पर किये गए हमले में ताज होटल में जितने भी लोग घायल हुए थे उन सबका इलाज टाटा ने ही कराया था , इसके साथ ही टाटा ने अपने किसी भी कर्मचारी को नहीं निकला था , ताज होटल के बंध और दुबारा से बनने के समय में , इसके साथ ही जितने होटल के आस पास के दुकान दार थे जिनको नुकसान पंहुचा था सबकी टाटा ने मदद की थी ।

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आज के अपने इस पोस्ट में रतन टाटा से जुडी तमाम जानकारी देने का प्रयास किया , आशा करते है आपको ये पोस्ट जरूर पसंद आएगा , पसत पसंद आने पर शेयर जरूर kare.

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